जयपुर। राजस्थान सरकार अगले महीने पेश होने वाले बजट 2026-27 की तैयारियों में जुटी है। यह मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सरकार के कार्यकाल का तीसरा बजट होगा, जिसे अब तक का सबसे बड़ा बजट माना जा रहा है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक रिफाइनरी से उत्पादन शुरू होने और टैक्स रेवेन्यू में करीब 17 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी के चलते बजट साइज में लगभग 20 प्रतिशत का इजाफा हो सकता है।
सूत्रों के अनुसार, सरकार इस बजट में करीब डेढ़ लाख सरकारी नौकरियों की घोषणा कर सकती है। राज्य सरकार ने अपने पांच साल के कार्यकाल में कुल चार लाख सरकारी नौकरियां देने का वादा किया है। पिछले बजट में सवा लाख नौकरियों की घोषणा की गई थी, जिनमें से 92 हजार नियुक्तियां दी जा चुकी हैं, जबकि करीब 20 हजार पदों पर प्रक्रिया जारी है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के निर्देश पर सभी विभागों से रिक्त पदों की सूची तैयार करवाई जा रही है। RPSC और कर्मचारी चयन बोर्ड (RSSB) को आगामी भर्तियों के लिए तैयारी रखने के निर्देश दिए जा चुके हैं। RPSC में फिलहाल 18 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है, जबकि अगले वित्तीय वर्ष में इससे दोगुने पदों पर भर्ती की तैयारी है। RSSB के जरिए करीब 80 हजार भर्तियां करने का रोडमैप तैयार किया गया है।
सूत्र बताते हैं कि बजट के बाद युवाओं को हर महीने किसी न किसी भर्ती परीक्षा का विज्ञापन देखने को मिलेगा। सबसे ज्यादा भर्तियां शिक्षा विभाग में होंगी। इसके अलावा पुलिस, चिकित्सा, जलदाय, वन, पीडब्ल्यूडी और कृषि विभागों में भी बड़ी संख्या में पद भरे जाएंगे।
बजट में फ्री बिजली योजना को लेकर बड़ा बदलाव हो सकता है। सरकार सोलर पैनल पर सब्सिडी लेने वाले उपभोक्ताओं को दी जा रही 100 यूनिट फ्री बिजली पर फैसला कर सकती है। विशेषज्ञों के अनुसार, सरकार बजट में यह साफ कर सकती है कि सोलर पैनल सब्सिडी लेने वाले उपभोक्ताओं को भविष्य में 100 यूनिट फ्री बिजली का लाभ नहीं मिलेगा।
राज्य सरकार ने पिछले बजट में 150 यूनिट फ्री बिजली योजना के तहत वन-टाइम सोलर पैनल सब्सिडी की घोषणा की थी। दिसंबर 2025 से इस पर सब्सिडी भी शुरू हो चुकी है, लेकिन फिलहाल सरकार पर दोहरा आर्थिक बोझ पड़ रहा है क्योंकि सोलर सब्सिडी लेने वालों को भी 100 यूनिट फ्री बिजली मिल रही है।
केंद्र सरकार द्वारा 8वें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी मिलने के बाद राज्य कर्मचारियों में भी उम्मीदें बढ़ गई हैं। परंपरा के अनुसार राज्य सरकार केंद्र की सिफारिशों के आधार पर अपना स्टेट पे-कमीशन गठित करती है। सूत्रों के मुताबिक, राजस्थान सरकार बजट में वेतन आयोग को लेकर संकेत दे सकती है, हालांकि अभी तक कोई औपचारिक प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है।
महिला सशक्तिकरण पर फोकस रखते हुए सरकार ‘लखपति दीदी’ योजना के तहत लाभार्थियों की संख्या 15 लाख से बढ़ाकर 25 लाख करने की तैयारी में है। इस योजना के तहत स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को छोटे व्यवसाय के लिए एक-एक लाख रुपये तक का लोन दिया जाता है। राज्य सरकार केंद्रीय बजट के प्रावधानों के आधार पर अंतिम लक्ष्य तय करेगी।
बजट में 17 जिलों की प्यास बुझाने वाले राम जल सेतु लिंक प्रोजेक्ट के लिए बड़ी राशि आवंटित की जा सकती है। सरकार का लक्ष्य इस परियोजना के 60 प्रतिशत काम को तेजी से पूरा करना है।
पिछले बजट में घोषित 9 ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस-वे अब तक कागजों में ही हैं। इस बार बजट में इनके लिए ठोस वित्तीय प्रावधान होने की उम्मीद है। सरकार सबसे पहले 181 किलोमीटर लंबे कोटपूतली-किशनगढ़ एक्सप्रेस-वे का काम शुरू करना चाहती है। इसके अलावा जयपुर-किशनगढ़-पचपदरा, जयपुर-भीलवाड़ा, बीकानेर-कोटपूतली सहित कई बड़े एक्सप्रेस-वे प्रस्तावित हैं।
राजस्थान का आगामी बजट रोजगार, इंफ्रास्ट्रक्चर, महिला सशक्तिकरण और वित्तीय संतुलन के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। जहां एक ओर बड़ी संख्या में सरकारी नौकरियों की उम्मीद है, वहीं फ्री बिजली जैसी योजनाओं पर कड़े फैसले से सरकार आर्थिक बोझ कम करने की दिशा में कदम उठा सकती है।
All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.