Download App Now Register Now

मेरठ में राजस्थान रोडवेज बस में भीषण आग, 26 यात्री बाल-बाल बचे

उत्तर प्रदेश के मेरठ में दिल्ली-देहरादून नेशनल हाईवे पर एक बड़ा और भयावह सड़क हादसा हो गया, जहां राजस्थान रोडवेज की चलती डबल डेकर एसी बस अचानक आग की चपेट में आकर पूरी तरह जलकर राख हो गई। यह घटना मेरठ और मुजफ्फरनगर बॉर्डर के पास सुबह करीब 7:10 बजे उस समय हुई, जब बस जयपुर से हरिद्वार की ओर जा रही थी। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में पूरी बस धू-धू कर जल उठी और उसका काला धुआं दूर-दूर तक हाईवे पर दिखाई देने लगा।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बस के पिछले हिस्से में लगे एयर कंडीशनर (AC) सिस्टम की वायरिंग में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिसके बाद केबिन में धुआं भरने लगा और आग ने विकराल रूप ले लिया। उसी दौरान पीछे से आ रहे एक बाइक सवार युवक ने बस के नीचे से निकलती आग की लपटों और धुएं को देखा और तुरंत आगे बढ़कर चालक को इसकी सूचना दी।

सूचना मिलते ही चालक राजेंद्र कुमार ने तुरंत सूझबूझ दिखाते हुए बस को नेशनल हाईवे के किनारे रोक दिया। परिचालक रामकुमार हुड्डा के साथ मिलकर यात्रियों को शांत करते हुए तत्काल बस से नीचे उतरने के निर्देश दिए गए। जैसे ही यात्रियों को आग का एहसास हुआ, बस के अंदर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। मुख्य दरवाजा छोटा होने के कारण कई यात्रियों ने खिड़कियों और आपातकालीन दरवाजों से छलांग लगाकर अपनी जान बचाई।

महज 2 से 3 मिनट के भीतर बस में सवार सभी 26 यात्री, जिनमें महिलाएं और बुजुर्ग भी शामिल थे, सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे। हालांकि इस दौरान यात्रियों का सामान, बैग, कपड़े और अन्य कीमती वस्तुएं बस की डिग्गी में ही रह गईं, जो पूरी तरह जलकर राख हो गईं।

यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने के बाद चालक और परिचालक ने यात्रियों के सामान को बचाने के लिए डिग्गी खोलने का प्रयास किया, लेकिन जैसे ही उन्होंने कुछ सामान बाहर निकाला, उसी समय आग और अधिक भड़क गई और बस पूरी तरह आग के गोले में तब्दील हो गई। इसके बाद उन्हें पीछे हटना पड़ा।

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। आग की गंभीरता को देखते हुए सरधना, मेरठ और मुजफ्फरनगर से कुल चार दमकल गाड़ियां मौके पर भेजी गईं। दमकल कर्मियों ने करीब 20-25 मिनट में पूरी बस को आग की लपटों में घिरा पाया, लेकिन उसे पूरी तरह बुझाने में लगभग 1.5 से 2 घंटे की कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।

हादसे के बाद नेशनल हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित हो गया और आसपास अफरा-तफरी का माहौल बन गया। बाद में पुलिस और प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित किया। सभी यात्रियों को प्राथमिक सहायता और जलपान उपलब्ध कराकर सुरक्षित एक दूसरी बस के माध्यम से उनके गंतव्य हरिद्वार के लिए रवाना किया गया।

यह हादसा भले ही बेहद भयावह रहा हो, लेकिन समय रहते मिली सूचना और चालक-परिचालक की सूझबूझ के कारण सभी 26 यात्रियों की जान बच गई, जिससे एक बड़ी अनहोनी टल गई।

Written By

Chanchal Rathore

Desk Reporter

Related News

All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.

BREAKING NEWS
मीना पालड़ी में चार भूखंड जोड़कर दुकानों का निर्माण! अवैध निर्माण पर JDA की चुप्पी सवालों के घेरे में | मीना पालड़ी में चार भूखंड जोड़कर दुकानों का निर्माण! अवैध निर्माण पर JDA की चुप्पी सवालों के घेरे में | सूर्या के कत्ल की असली वजह आई सामने, बाइक बनी जानलेवा विवाद का कारण। | राजस्थान में 33 जिलों में 77 सड़क परियोजनाओं को मिली मंजूरी, बजट 2026-27 में कुल 676.74 करोड़ खर्च | राजस्थान में 33 जिलों में 77 सड़क परियोजनाओं को मिली मंजूरी, बजट 2026-27 में कुल 676.74 करोड़ खर्च | | | | जेडीए की नाक के नीचे सरकारी जमीन पर फिर कब्जा, बुलडोजर चला… लेकिन अवैध कॉलोनी फिर खड़ी हो गई! | राजस्थान हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला: 'आटा-साटा' प्रथा को बताया कानूनी व नैतिक रूप से दिवालिया, कहा- 'बेटी किसी सौदे की कीमत नहीं' | जेडीए की नाक के नीचे सरकारी जमीन पर फिर कब्जा, बुलडोजर चला… लेकिन अवैध कॉलोनी फिर खड़ी हो गई! |